Unki Chahat Me Hum
उनकी चाहत में हम कुछ इस तरह बंधे है, की वो साथ भी नहीं और हम अकेले भी नहीं…
उनकी चाहत में हम कुछ इस तरह बंधे है, की वो साथ भी नहीं और हम अकेले भी नहीं…
बिन बात के ही रूठने की आदत है, किसी अपने का साथ पाने की चाहत है, आप खुश रहे मेरा क्या है, मैं तो आइना हूँ, मुझे तो टूटने की आदत है…
यादों में न ढूंढो हमे, मन में हम बस जाएंगे.. तमन्ना हो अगर मिलने की तो, हाथ रखो दिल पर, हम धड़कनो में मिल जाएंगे…
भुला कर हमे क्या वो खुश रह पाएंगे, साथ मै नहीं तो मेरे जाने के बाद मुस्कुरायेंगे, दुआ है खुदा से की उन्हें कभी दर्द न देना, हम तो सह गए पर वो टूट जाएंगे…