Zindagi Sapno Ki Nahi Haqiqat Ki Jiya Karo by Neha Kulkarni - Reading Time: 5 mins read ADVERTISEMENT ज़िंदगी सपनों की नहीं हक़ीक़त की जिया करो, क्यों की सपनों मे सिर्फ फूल खिला करते है, वो फूल तुम्हे क्या ज़िन्दगी देंगे, जो खुद दो दिन जिया करते है…