Zindagi Rahi To Mulakaat Bhi Hogi by Neha Kulkarni - Reading Time: 5 mins read ADVERTISEMENT दिन है तो रात भी होगी, बादल है तो बरसात भी होगी, जुदाई से क्यों घबराते हो, जिंदगी रही तो मुलाकात भी होगी…